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कामन्दकीय नीतिसार: भूमि, मित्र और धन

युद्ध केवल संघर्ष का नाम नहीं है। नीतिशास्त्र की दृष्टि से उसका मूल्य इस बात से तय होता है कि उससे क्या प्राप्त होगा और उसकी कीमत क्या चुक...

Anand Singh Dhami 12 अक्टू॰, 2026

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कामन्दकीय नीतिसार: भूमि, मित्र और धन

युद्ध केवल संघर्ष का नाम नहीं है। नीतिशास्त्र की दृष्टि से उसका मूल्य इस बात से तय होता है कि उससे क्या प्राप्त होगा और उसकी कीमत क्या चुक...

Anand Singh Dhami 12 अक्टू॰, 2026

कामन्दकीय नीतिसार: युद्ध का सही समय

जब कोई राजा युद्ध का निर्णय लेता है, तब उसके सामने केवल यह प्रश्न नहीं होता कि उसकी सेना कितनी बड़ी है। असली प्रश्न यह होता है;  क्या अभी ...

Anand Singh Dhami 11 अक्टू॰, 2026

कामन्दकीय नीतिसार: दूरदर्शी नीतियां

हमारे जीवन के कई महत्वपूर्ण निर्णय पहली नज़र में बहुत सरल दिखाई देते हैं। नौकरी का आकर्षक अवसर, व्यापार में जल्दी लाभ, कम मेहनत में सफलता ...

Anand Singh Dhami 10 अक्टू॰, 2026

कामन्दकीय नीतिसार: 16 विग्रह नीति

कामन्दकीय नीतिसार में विग्रह का अर्थ क्या है? संघर्ष किसी राजनीतिक व्यवस्था में केवल साहस का प्रश्न नहीं होता। उसके पीछे कारण, शक्ति, समय,...

Anand Singh Dhami 9 अक्टू॰, 2026

कामन्दकीय नीतिसार: वैर के 5 कारण

कामन्दकीय नीतिसार के श्लोक 16, 17 और 18 में वैर की उत्पत्ति और उसके राजनीतिक कारणों का सूक्ष्म विवेचन मिलता है। दशम सर्ग के इन श्लोकों मे...

Anand Singh Dhami 8 अक्टू॰, 2026

नीतिसार: आपसी झगड़े कैसे रोकें?

क्या आपने कभी ऐसी स्थिति का सामना किया है जहाँ आपको लगा कि आपके अपने ही लोग आपसे दूर होते जा रहे हैं? या फिर कोई ऐसा संकट आया जिसमें किसी ...

Anand Singh Dhami 7 अक्टू॰, 2026

भेद नीति का रहस्य: महाजन-विग्रह

क्या आपने कभी खुद को अकेला पाया है, उन लोगों के सामने जो ताकतवर भी हैं और एकजुट भी? जब कई शक्तिशाली लोग मिलकर आपके खिलाफ खड़े हो जाएँ, तो ...

Anand Singh Dhami 6 अक्टू॰, 2026