Homepage Indian Philosophy and Ethics

Featured Post

कायरता का अभिशाप | कामन्दक नीति

आपने महाभारत का वह प्रसंग तो सुना ही होगा जब अर्जुन युद्धभूमि में अपने ही परिजनों को देखकर विचलित हो जाते हैं और धनुष त्याग देते हैं। क्या ...

Anand Singh Dhami 12 जुल॰, 2026

Latest Posts

कायरता का अभिशाप | कामन्दक नीति

आपने महाभारत का वह प्रसंग तो सुना ही होगा जब अर्जुन युद्धभूमि में अपने ही परिजनों को देखकर विचलित हो जाते हैं और धनुष त्याग देते हैं। क्या ...

Anand Singh Dhami 12 जुल॰, 2026

कर्मफल | आपके हर कर्म का हिसाब कैसे मिलता है?

हम सबने कभी न कभी यह वाक्य सुना है, "जैसा बोओगे, वैसा काटोगे।" या फिर "कर्म करते जाओ, फल की चिंता मत करो।" लेकिन क्या...

Anand Singh Dhami 11 जुल॰, 2026

अपनों से टूटा राजा: कामन्दक नीति विश्लेषण

राजा की सबसे बड़ी कमजोरी क्या है? आपने कभी सोचा है कि किसी राजा, नेता या संगठन प्रमुख की सबसे बड़ी कमजोरी क्या हो सकती है? क्या वह बाहरी श...

Anand Singh Dhami 10 जुल॰, 2026

व्रत-उपवास | आत्मा और विज्ञान का संगम

हम में से कई लोग सोमवार को व्रत रखते हैं, एकादशी व्रत का महत्व समझते हैं, या नवरात्रि में उपवास करते हैं। लेकिन क्या यह सिर्फ धार्मिक आस्थ...

Anand Singh Dhami 9 जुल॰, 2026