kamandakiya Nitisara kantakashodhana
कामन्दकीय नीतिसार का षष्ठ सर्ग (कण्टकशोधनप्रकरणम्) राज्य-शरीर में चुभे हुए 'शल्य' (भ्रष्ट/दुष्ट/अपराधी) को पहचानने, उसका निष्पक्ष...
कामन्दकीय नीतिसार का षष्ठ सर्ग (कण्टकशोधनप्रकरणम्) राज्य-शरीर में चुभे हुए 'शल्य' (भ्रष्ट/दुष्ट/अपराधी) को पहचानने, उसका निष्पक्ष...
कामन्दकीय नीतिसार का चतुर्थ सर्ग (प्रकृतिसम्पत्प्रकरणम्) राज्य के सात जीवित अंगों, स्वामी, अमात्य, राष्ट्र, दुर्ग, कोश, बल एवं सुहृत के ...