कामन्दकीय नीति 9.45
कामन्दकीय नीतिसार के नवम सर्ग के 45वें श्लोक में संधि (समझौता) की गहरी नीति बताई गई है। यह श्लोक सिखाता है कि बुद्धिमान शासक को संधि करते ...
कामन्दकीय नीतिसार के नवम सर्ग के 45वें श्लोक में संधि (समझौता) की गहरी नीति बताई गई है। यह श्लोक सिखाता है कि बुद्धिमान शासक को संधि करते ...
जब स्थान बदल देता है विजय का परिणाम आपने अक्सर सुना होगा कि 'अपनी माटी का कोई जवाब नहीं' । यह सिर्फ एक भावुक काव्य-पंक्ति नहीं, बल...